आज में आपको बताने जा रहा हू धारा 317 सी.आर.पी.सी. का आवेदन कैसे बनाया जाता है।
सबसे पहले ये जानना बहुत जरुरी है की न्यायलय में प्रस्तुत किए जाने वाले सभी प्रकार के आवेदनों को लिखने का एक तरीका होता है और उसी तरीके पर सभी प्रकार के आवेदन बनाये जाकर न्यायलय में प्रस्तुत किए जाते है। जिसके लगभग 7 मुख्य नियम है:-
1. न्यायलय का नाम।
2. प्रकरण क्रमांक और तारीख।
3. शीर्षक।
4. जिस धारा का आवेदन दिया जा रहा है उस धरा का उल्लेख।
5. मुख्य जानकारिया जो की मुजरिम की अनुपथ्ति के इस आवेदन में ३ तरह की होती है।
5. 1. प्रकरण कब और किस लिए आज कोर्ट में लगा है।
5. 2. कारण की आज मुल्जिम कोर्ट में क्यों नहीं आया।
5. 3. मुल्जिम के न आने का कारण वैध है या नहीं।
6. प्रार्थना
7. तारीख जगह और अधिवक्ता के signature .
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| हमेशा पेज में ऊपर जगह छोड़ दे ताकि टिकिट लगायी जा सके। |
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| 1. न्यायलय का नाम फोटो मि लिखा नाम क्रिमिनल प्रकरण का है। |
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| 2. प्रकरण क्रमांक और दिनांक |
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| 3. शीर्षक |
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| 4. धारा जिसमे आवेदन पेश करना है। |
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| 5. प्रकरण आज क्यों है, मुल्जिम के ना आने कारण, और वह कारण सही है। |
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| 6. प्रार्थना |
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| 7. तारीख जगह और अधिवक्ता के signature . |
दोस्तों इसी तरह से सिविल प्रक्रिया संहिता में अनावेदक का हाजिरी माफ़ी आवेदन आदेश १४ नियम 1 सी.पी.सी. के अंतर्गत पेश किया जायेगा।
दोस्तों अगले chapter में मै आपको शीध्र सुनवाई का आवेदन बनाना सिखाऊंगा। ऐसी अन्य जानकारीयो के लिए follow करे और comment box अपने legal issue बताइए।








1 Comments
धन्याबाद
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